Friday, 8 November 2013

तोरा मन दरपन कहलाए,
भले बुरे सारे कर्मो को,
देखे और दिखाए,
तोरा मन दरपन कहलाए,

मन ही देवता मन ही ईश्वर,
मन से बड़ा न कोए,
मन उजियारा जब-जब फैले,
जग उजियारा होए,
इस उजले दरपन पर प्रानी,
धूल न जमने पाए,
तोरा मन दरपन कहलाए,

सुख का कलियाँ,दुख के काँटे,
मन सबका आधार,
मन से कोई बात छुपे ना,
मन के नैन हजार,
जग से कोई भाग ले चाहे,
मन से भाग न पाए,
तोरा मन दरपन कहलाए,

तन की दौलत,ढ़लती छाया,
मन का धन अनमोल,
तन के कारण मन को अपने,
मत माटी में रोल,
मन की कदर भलाने वाला,
हीरा जनम गँवाए,
तोरा मन दरपन कहलाए,

(साहिर)

आज की रात नहीं शिकवे शिकायत के लिए,


आज हर लम्हा,हर एक पल है मौहब्बत के लिए,
रेशमी सेज है महकी हुई तन्हाई है,
आज की रात मुरादों की बारात आई है,
आज की रात नहीं शिकवे शिकायत के लिए,

आज हर लम्हा,हर एक पल है मौहब्बत के लिए,

हर गुनाह आज मुकद्दस है फरिश्तों की तरह,
काँपते होठों को मिल जाने दो रिश्तों की तरह,
आज मिलने में न उलझन है न रुसवाई है,
आज की रात नहीं शिकवे शिकायत के लिए,

अपनी ज़ुल्फें मेरे शानों पे बिखर जाने दो,
इस हसीं रात को कुछ और निखर जाने दो,
सुबह ने आज न आने की कसम खाई है,
आज की रात नहीं शिकवे शिकायत के लिए,
आज है करवाचौथ सखी री,
माँग ले सुख का दान,
अपने सपनों के स्वामी का,
धर कर मन में ध्यान,

जनम-जनम तक माँग का तेरी
रंग पड़े ना फीका,
जब तक चमकें चाँद सितारे,
तब तक चमके टीका,
बँधे रहें मन भाते ,
प्रीतम के प्राणों से प्राण,

आज है करवाचौथ सखी री,
माँग ले सुख का दान,

जो कोई माँगे आज लगन से,
युग-युग का सुख पाए,
साध सफल हो प्रेम अमर हो,
जीवन में रस आए,
आज हरएक नारी को प्रभू से,
मिलता है वरदान,

आज है करवाचौथ सखी री,
माँग ले सुख का दान,
हम हैं तेरी संतान,
ये प्राण तेरी देन हैं ये देह तेरा दान,
अल्लाह कहे कोई तुझे या कोई कहे भगवान,
हम हैं तेरी संतान,

जीवन में हर एक मोड़ पे ठोकर से बचाना,
भटकें तो हमें हाथ पकड़ राह पे लाना,
हम जो भी हैं बस इतना रहे ध्यान,
हम हैं तेरी संतान,

दुनियाँ में कभी झूठ के आगे न झुकें हम,
सच बात के ऐलान पे रोके न रुकें हम,
मिल जाय तेरे द्वार से हम सबको ये वरदान,
हम हैं तेरी संतान,

हम देश की धरती पे नए फूल खिलाएँ,
पुरखों से जो पाई वो कला आगे बढ़ाएँ,
हमसे हो नए युग के नए ज्ञान की पहचान,
हम हैं तेरी संतान,

इन्सान की सेवा हो सदा काम हमारा,
इस काम से संसार में हो नाम हमारा,
इस देश का इतिहास सदा हम पे करे मान,
हम हैं तेरी संतान,
बरबादे-मोहब्बत की दुआ साथ लिए जा,
टूटा हुआ इकरारे-वफा साथ लिए जा,

इक दिल था जो पहले ही तुझे सौंप दिया था,
यह जान भी ऐ जाने-अदा साथ लिए जा,

तपती हुई राहों से तुझे आँच न पहुँचे,
दीवाने के अश्कों की घटा साथ लिए जा,

शामिल है मेरा खूने-जिगर तेरी हिना में,
ये कम हो तो अब खूने-वफा साथ लिए जा,

हम जुर्मे-मोहब्बत की सजा पाएँगे तन्हा,
जो तुमसे हुई हो वो खता सा लिए जा,
पैरों पे अपने हों खड़े, ये सब हैं सिखाते,
गिरते हुए कितनों को भला लोग उठाते,

पैरों पे पैर रखने ही वाले हमें मिले,
काँटे ही मिले राह में जिस ओर हम चले,

धरती पे रहें पैर मेरे, दिल की कामना,
सिर पर हों मेरे पैर कभी ऐसा काम ना,

पैरों से मिला पैर, चलें राह में आगे,
मंज़िल मिलेगी हमको अब अरमान हैं जागे,
अल्ला तेरो नाम,ईश्वर तेरो नाम,
सबको सम्मति दे भगवान,

इस धरती का रूप न उजड़े,
प्यार की ठन्डी धूप न उजड़े,
सबको मिले सुख का वरदान,

अल्ला तेरो नाम,ईश्वर तेरो नाम,
सबको सम्मति दे भगवान,

माँगों का सिन्दूर न छूटे,
माँ-बहनों की आ न टूटे,
देह बिना न भटकें प्रान,

अल्ला तेरो नाम,ईश्वर तेरो नाम,
सबको सम्मति दे भगवान,

ओ सारे जग के रखवाले,
निर्बल को बल देने वाले,
बलवानों को दे दे ज्ञान,

अल्ला तेरो नाम,ईश्वर तेरो नाम,
सबको सम्मति दे भगवान,