सागर से उड़ आएं,नभ के आँगन,
बादल से बरसें हम,बूँदों सा छम्म,
बादल से बरसें हम,बूँदों सा छम्म,
मन में हो कैसी भी कोई उलझन,
फूलों पे मुसकाएँ,शबनम से हम,
फूलों पे मुसकाएँ,शबनम से हम,
फौलादी सीने हैं दिल में सरगम,
मरने से पहले, क्यों मर जाएँ हम,
मरने से पहले, क्यों मर जाएँ हम,
रस्ता न सूझे हो ऐसा विजन,
तब आएँ ले के हम रिमझिम सावन,
तब आएँ ले के हम रिमझिम सावन,
खुश क्यों हैं मत पूछो क्या हैं जी हम,
थिरके तन गाए मन ऐसी रिदम,
थिरके तन गाए मन ऐसी रिदम,
सतरह से ज्यादा न बारह से कम,
राजा अपने मन के हम हैं जी हम,
राजा अपने मन के हम हैं जी हम,
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